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उत्तरायणी मेले में मुख्यमंत्री का वर्चुअल संबोधन, बागेश्वर को मिली महत्वपूर्ण विकास घोषणाएं 📌 उत्तरायणी मेला: पौराणिक विरासत और लोकसंस्कृति के संग विकास का संदेश, बागेश्वर को नई परियोजनाओं की घोषणा / उत्तरायणी मेला: सरयू–गोमती संगम पर श्रद्धा, लोकसंस्कृति और जनआस्था का भव्य आयोजन

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बाबा बागनाथ की पावन भूमि पर आयोजित होने वाले ऐतिहासिक उत्तरायणी मेले का शुभारंभ उत्तराखंड सरकार के पशुपालन, दुग्ध विकास एवं कौशल विकास मंत्री सौरभ बहुगुणा ने दीप प्रज्वलित कर विधिवत रूप से किया। इस अवसर पर मंचासीन समस्त अधिकारियों का बैज अलंकरण एवं शॉल ओढ़ाकर स्वागत किया गया।

उत्तरायणी मेले के अवसर पर प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने वर्चुअल माध्यम से जनपदवासियों को उत्तरायणी, घुघुतिया पर्व एवं मकर संक्रांति की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि उत्तरायणी पर्व हमारी सांस्कृतिक विरासत, परंपराओं और सामाजिक एकता का प्रतीक है, जिसे संजोकर अगली पीढ़ी तक पहुंचाना हम सभी का दायित्व है।

मुख्यमंत्री ने बागेश्वर को पौराणिक, ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण बताते हुए मेले को स्थानीय संस्कृति, व्यापार और पर्यटन के लिए अहम बताया। उन्होंने पर्यटकों के प्रति सौहार्दपूर्ण व्यवहार, स्वच्छता बनाए रखने और मेले को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने की अपील की। इस अवसर पर माननीय मुख्यमंत्री ने सूरजकुंड से मंडलसेरा बाइपास पुल के निर्माण, मंडलसेरा कुंती नाले के निर्माण तथा सूरजकुंड क्षेत्र में घाट निर्माण कराए जाने की घोषणा की।

प्रभारी मंत्री सौरभ बहुगुणा ने “बागनाथ की जय” के उद्घोष के साथ अपने संबोधन की शुरुआत करते हुए जनपदवासियों को उत्तरायणी मेले की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि उत्तरायणी पर्व उत्तराखंड की आस्था, परंपरा और सामाजिक एकता का प्रतीक है। इस मेले में कुमाऊँ की समृद्ध लोक संस्कृति का भव्य उत्सव देखने को मिलता है।

उन्होंने कहा कि मेले के माध्यम से स्थानीय लोग स्टॉल लगाकर अपनी आर्थिकी को सुदृढ़ करते हैं और अपनी संस्कृति को आगे बढ़ाते हैं। उत्तराखंड के लोग सरकार की योजनाओं से जुड़कर आत्मनिर्भर बन रहे हैं। जनपद में कीवी उत्पादन निरंतर बढ़ रहा है, जिसे क्लस्टर के माध्यम से और सशक्त किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जिस दिन जनपद में दुग्ध उत्पादन निर्धारीत लक्ष्य तक पहुँचेगा, उस दिन बागेश्वर दुग्ध संघ की स्थापना की जाएगी।
इस दौरान प्रभारी मंत्री ने मेले में लगाए गए विभिन्न विभागीय एवं स्थानीय उत्पादों के स्टालों का निरीक्षण भी किया।

जिलाधिकारी आकांक्षा कोंडे ने भी सभी को मेले की बधाई दी और कहा कि लोग सांस्कृतिक प्रस्तुतियों का भरपूर आनंद लें तथा इन पलों को स्मृतियों में संजोएं।

कार्यक्रम के दौरान अनेक मनमोहक सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ दी गईं, जिन्हें दर्शकों ने सराहा। इस अवसर पर बागेश्वर विधायक पार्वती दास, कपकोट विधायक सुरेश गड़िया, दर्जा राज्य मंत्री शिव सिंह विष्ट, दर्जा राज्य मंत्री भूपेश उपाध्याय, जिला पंचायत अध्यक्ष शोभा आर्या, नगर पालिका अध्यक्ष सुरेश खेतवाल, पूर्व कैबिनेट मंत्री बलवंत भौरियाल, भाजपा महामंत्री कुंदन परिहार, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रभा गड़िया, जिलाधिकारी आकांक्षा कोंडे, पुलिस अधीक्षक चंद्र शेखर घोड़के, मुख्य विकास अधिकारी आर.सी. तिवारी, अपर जिलाधिकारी एन.एस. नबियाल, मेलाधिकारी प्रियंका रानी सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, अधिकारी एवं मेलार्थी उपस्थित रहे।

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